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Read latest updates about "कहानी" - Page 1

  • बाल कथा: कैसे करें परीक्षा की तैयारी?

    वास्तव में विद्यार्थी की परीक्षा की तैयारी उसी दिन से शुरू हो जाती है, जिस दिन वह कक्षा में प्रवेश करता है। जब शिक्षक कक्षा में अपने विषय को पढ़ाते और समझाते हैं, तब उस समय विद्यार्थी को 'कैच' शक्ति की आवश्यकता होती है ताकि शिक्षक द्वारा पढ़ाये और समझाए जा रहे विषय में विद्यार्थी अपनी पकड़ मजबूत बना...

  • बाल कथा: रूडोल्फ की कहानी

    बहुत समय पहले की बात है। क्रि समस की रात को नार्थ पोल के अलास्का में सैंटा क्लाज बच्चों के घर-घर तोहफे बाँट रहे थे। पास ही में एक सुन्दर गाँव था जहाँ केवल रेनडियर रहते थे। गाँव का एक घर बहुत ही सुन्दर सजा हुआ था और रोशनी से जगमगा रहा था। सैंटा ने झटपट उस घर की चिमनी के अंदर छलांग लगाई और क्रि समस...

  • बाल जगत/जानकारी: रक्तदान: महादान

    वर्तमान भागदौड़ भरी जिंदगी और आपाधापी के चलते दुर्घटनाओं की संख्या में अतिशय वृद्धि हो रही है, जिससे रक्त की आवश्यकता दिनोंदिन बढ़ती जा रही है। एक अरब से अधिक जनसंख्या वाले इस विशाल राष्ट्र के रक्त बैंकों में रक्त का नितांत अभाव है। परिणामस्वरूप अनेक लोग विवशतावश काल के ग्रास बन जाते हैं। देश के...

  • फूल और पौधों की देखभाल

    बिन्नी तितली बहुत उदास थी। मिटठू तोता फुदक कर उसके पास आया और बोला, 'क्या हुआ बिन्नी?' पर बिन्नी तितली ने तो जैसे सुना ही नहीं, वह चुपचाप कुछ सोचती रही। बिन्नी तितली तो ऐसी कभी नहीं थी, वह तो बहुत खुशमिजाज थी। इधर-उधर बगीचों आदि में घूमती-फिरती, सभी को मीठी बातें सुनाती रहती लेकिन अचानक उसे यह हुआ...

  • बाल जगत: बच्चों को पढ़ाएं ऐसे

    आमतौर पर देखने को मिलता है कि बच्चे की परीक्षाएं आने पर ही बच्चे और अभिभावकों को पढऩा व पढ़ाना याद आता है। परीक्षा आते ही अभिभावक बच्चे को सारा-सारा दिन पढ़ाने बैठ जाते हैं और बच्चे पर भी पढ़ाई का बहुत अधिक बोझ पड़ जाता है जिससे बच्चे परीक्षा को भूत समझने लगते हैं और उसे हौवा मानकर उसके नाम से भी...

  • बाल जगत: क्या होता है कीटाणु युद्ध?

    जब भी एक राष्ट्र का दूसरे राष्ट्र से या महाशक्तिशाली राष्ट्रों का आपस में युद्ध होता है तो असंख्य जनहानि के साथ-साथ अमूल्य संपत्ति का नाश भी होता है और यह एक यथार्थ है कि युद्ध के आधुनिकतम अस्त्र-शस्त्रों से मानव के साथ-साथ उसकी संपत्ति को भी धूल के ढेर में बदला जा सकता है लेकिन यह मान्यता अब...

  • बाल कथा: छोटी मछलियों का प्रेम

    एक नदी थी जिसमें कई तरह के जलचर रहते थे जैसे कछुआ, मछली, सांप, मगरमच्छ, मेंढक इत्यादि। नदी में ज्यादा संख्या मछलियों की थी। मछलियां भी दो तरह की थी। बड़ी मछलियां ज्यादा मात्र में थी जबकि छोटी मछलियां बहुत कम। इसकी भी एक वजह थी। वह यह थी कि बड़ी मछलियां छोटी मछलियों को खा जाती थीं। यह छोटी मछलियों...

  • बाल जगत/जानकारी: क्यों छाता है कुहरा

    स्कूल की विशेष छुट्टियां घोषित होते ही राहुल ने अपनी मम्मी से कहा, मम्मी, हमें दादी के घर गांव ले चलिये। जाड़ों का मौसम है। हम खूब गन्ने खाएंगे जैसे पिछले साल खाये थे। उसकी मम्मी ने गांव जाने की बात मान ली। उसी दिन वह राहुल, मीनू और नन्हें टिंकू को लेकर गांव की ओर चल दी। शाम होने से पहले ही वे गांव...

  • हार्डी कछुआ और सुंदर खरगोश

    हार्डी कछुआ सुवर्णरेखा झील में रहता था। एक रोज उसने अपना सिर झील के पानी से बाहर निकाला और धरती का दृश्य देखकर खुशी से भर उठा। थोड़ी देर पहले ही पानी बरसना बंद हुआ था। पेड़ फिर हरे-भरे दिखाई दे रहे थे। धरती पर हरी घास की कालीन बिछी थी। हार्डी कछुए ने प्रकृति की शोभा का आनंद लेने के लिए झील के पानी...

  • बाल कथा: सुअर का दुख

    चंपक वन का सूअर कभी खुश नहीं रहता था। उसे हमेशा किसी न किसी बात की शिकायत रहती थी। उसे अपने काले रंग के शरीर और सूरत से नफरत थी। वह भी अच्छी-अच्छी चीजें खाना चाहता था। गंदी चीजें खाने में अच्छी नहीं लगती थी। खरगोश, हिरण, चीता, शेर, जिराफ जैसे रंगीन जानवरों को देखकर उसे ईष्र्या होती। वह उदास हो कर...

  • बाल कथा: ऐसे सुलझी दिक्कत

    काफी पहले की बात है। इंडोनेशिया में एक बालक का एक स्कूल में दाखिला कराया गया। नया माहौल था और बालक नादान था, इसलिए वह सहमा सा रहता था। कुछ बच्चे उसका मजाक उड़ाते थे। कोई भूल हो जाए तो उस पर हंसते थे। बालक अपने आप को संभालने के काफी यत्न करता था। अक्सर सहपाठियों की टीका-टिप्पणियों पर उसे रूलाई आ...

  • बाल कथा: बर्गर

    छुट्टी वाले दिन अलार्म का शोर कितना सुहाना लगता है। यह कोई दस साल के हर्ष से पूछे। काश ऐसा बाल दिवस रोज आये, स्कूल की छुट्टी हो और मम्मी पापा ने बाजार घुमाने का वादा किया हो। वाह हुई न मजेदार बात। इत्तेफाक से आज आनंद की भी दफ्तर से छुट्टी थी। शायद पिछले संडे आफिस में बैठकर काम करने का इनाम। तो...

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