Top

सड़कों पर घूम रहे है , नहीं हो रही कहीं सुनवाई, अफसर दे रहे है लगातार झूठे आश्वासन, परेशान है किसान , अब फिर मिला आश्वासन

गाजियाबाद। गांव राजापुर के किसान पिछले काफी समय से एक समान मुआवजे की मांग को लेकर लगातार धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। कई बार शासन प्रशासन को लिखित में भी दिया गया है। लेकिन उसके बावजूद भी उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई तो अब करीब 5 गांवों के किसान एकत्र होकर पहले नई अनाज मंडी में एकत्र हुए ।जहां पर इन की बैठक हुई और वहां से जिला मुख्यालय धरना प्रदर्शन के लिए जा रहे थे ।लेकिन उससे पहले ही प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और सभी किसानों को वही रोक दिया गया।

धरना प्रदर्शन कर रहे इन किसानों की मांग है कि गाजियाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा पांच गांवों की जमीन का अधिग्रहण किया गया है ।जिस वक्त अधिग्रहण किया गया था तो आश्वासन दिया गया था कि सभी को एक समान मुआवजा दिया जाएगा लेकिन यहां के किसानों को एक समान मुआवजा अभी तक नहीं दिया गया है ,यानी गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के सभी अधिकारी अपने वादे से मुकर रहे हैं। जब तक किसानों को एक समान मुआवजा नहीं मिल जाता, तब तक यहां के किसान शांत नहीं बैठेंगे और किसी भी हाल में अपनी जमीन पर कब्जा नहीं देंगे। उनका आरोप है कि इस बारे में कई बार स्थानीय प्रशासन से लेकर शासन तक भी अपनी बात पहुंचाई जा चुकी है। लेकिन उसके बावजूद भी इनकी बातों पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है यानी यहां के सभी किसान अपने आप को ठगा सा महसूस कर रहे हैं।

वहीं इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए मौके पर पहुंचे एडीएम सिटी शैलेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि पिछले काफी समय से कुछ किसान अपनी जमीन के मुआवजे की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं ।आज बड़ी संख्या में किसान अनाज मंडी में एकत्र हुए और जिला मुख्यालय की तरफ जा रहे थे। लेकिन मौके पर ही सिटी मजिस्ट्रेट और अन्य प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे हैं और इनकी बातों को गंभीरता से लेते हुए शासन को अवगत कराया जा रहा है और इस बारे में किसानों के साथ वार्ता की जाएगी और कोशिश की जाएगी समस्या का समाधान हो सके।

देर शाम जिला प्रशासन से मिले आश्वासन के बाद किसानों ने फिलहाल अपना आंदोलन स्थगित कर दिया है।

गोविंदपुरम अनाज मंडी पहुंचे किसानों के पास एडीएम एलए कमलेश तिवारी खुद गोविंदपुरम पहुंचे और किसानों से वार्ता की। उन्होंने बताया कि दोनों पक्षों के बीच बात हुई है उसमें एक सप्ताह का समय दिया गया है। ताकि समस्या का समाधान निकल सके।

मोदीनगर से चलकर देर रात को ही बड़ी संख्या में किसान गोविंदपुरम अनाज मंडी पहुंच गए तो वहीं सुबह होते ही गैर जिलों से भी ट्रैक्टर-ट्रॉली में किसानों का पहुंचना शुरू हो गया था। किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए किसानों के एक प्रतिनिधि मंडल को जिला मुख्यालय बुलाया गया जहां एडीएम एफ यशवर्धन श्रीवास्तव, एडीएम प्रशासन संतोष कुमार वैश्य आदि अधिकारियों के साथ वार्ता करने पहुंचे। किसानों के पूर्व घोषित प्रदर्शन को देखते हुए गोविंदपुरम अनाज मंडी में भारी पुलिस फोर्स तैनात की गई थी। इसके बाद एक प्रतिनिधि मंडल किसान नेता बबली गुर्जर, दलबीर गुर्जर के नेतृत्व में एडीएम एलए से वार्ता करने के लिए जिला मुख्यालय पहुंचा। बातचीत में प्रशासन ने किसानों से एक सप्ताह का समय मांगा और कहा कि जो मांगे हैं उस पर विचार करेंगे। इसके बाद किसान प्रशासन से बात के बाद गोविंदपुरम मंडी के लिये रवाना हो गए।

वहीं दूसरी ओर अनाज मंडी में किसानों के अन्य संगठनों ने वहां पहुंचकर अपना समर्थन दिया। राष्ट्रीय लोकदल के राष्ट्रीय प्रवक्ता सरदार इंद्रजीत सिंह टीटू, महानगर अध्यक्ष रविंद्र चैहान,भारतीय किसान यूनियन बलराज, भारतीय किसान यूनिय अराजनैतिक, भारतीय किसान संघ, रालोद सहित कई अन्य किसान संगठन के पदाधिकारी वहां पहुंचे और पंचायत को संबोधित किया।

किसान नेता बबली गुर्जर ने कहा कि दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे में एक समान मुआवजे की मांग को लेकर लगातार आंदोलन किया जा रहा है। किसानों की जमीन ले ली गई है लेकिन उन्हें मुआवजे को लेकर सिर्फ आश्वासन दिया जा रहा है।

Share it