Top

गुरुग्राम पुलिस का कारनामा, पीडि़त के खिलाफ ही दर्ज कर दी एफआईआर..पुलिस की मिलीभगत से बिल्डर कर रहा प्रताड़ित

गुरुग्राम पुलिस का कारनामा, पीडि़त के खिलाफ ही दर्ज कर दी एफआईआर..पुलिस की मिलीभगत से बिल्डर कर रहा प्रताड़ित


-कुछ भी बकाया नहीं होने के बावजूद बिल्डर ने जड़ा ताला, पत्नी की तबीयत बिगड़ी

गुरुग्राम। उसकी कोई देनदारी नहीं है। इसके बावजूद बिल्डर ने उसके फ्लैट की पहले बिजली काट दी। उसके बाद ताला जड़ दिया। इस तनाव के चलते फ्लैट मालिक की पत्नी की हालत बिगड़ गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा है। पुलिस तब भी कोई कार्रवाई नहीं कर रही है, बल्कि बिल्डर से मिलीभगत के चलते पीड़ित के ही खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।

सोमवार को गुरुग्राम निवासी अमित कुमार गर्ग ने पत्रकार वार्ता में आपबीती सुनाते हुए पुलिस पर कई सवाल उठाए। गर्ग ने बताया कि उसने वर्ष 2018 में एक एनआरआई व्यक्ति से सोहना रोड स्थित सेक्टर-48 के सेंट्रल पार्क में 17वीं मंजिल पर पैंट हाउस खरीदा था। इसकी कीमत दो करोड़ 10 लाख रुपये उसने अदा की है। बिल्डर की ओर से उसकी रजिस्ट्री कराई गई, उसके बाद पॉजिशन दे दी गई।

गर्ग ने बताया कि जिस समय पैंट हाउस खरीदा था, उस समय उसके सामने खुली छत भी थी। उस पर किसी तरह का कोई भी व्यक्ति निर्माण नहीं कर सकता। यह सब रजिस्ट्री में भी दर्ज है। लेकिन बिल्डर ने नियम का उल्लंघन करते हुए निर्माण शुरू कर दिया। इसे रुकवाने के लिए उसने पुलिस का सहारा लिया।

पीड़ित अमित कुमार गर्ग का आरोप है कि पुलिस ने उनकी सहायता करने की बजाय बिल्डर से मिलीभगत करके उसके व उसकी पत्नी शिवानी गर्ग के खिलाफ ही एफआईआर दर्ज कर ली। आरोप कि गर्ग ने चोरी की है। बीते 10 दिन पूर्व बिल्डर की ओर से उनके फ्लैट पर ताला लगा दिया गया। तीन दिन पहले घर की बिजली काट दी गई। बिना कोई बकाया होने के बाद भी इस तरह की प्रताड़ना बिल्डर उन्हें दे रहा है।

गर्ग ने श्वेता एस्टेट प्राइवेट लिमिटेड के मालिक अमरजीत बख्शी, मैनेजर विक्रम, सिक्योरिटी इंचार्ज अनिल गुलिया आदि पर आरोप लगाया है कि ये सभी मिलकर उसके परिवार को परेशान कर रहे हैं। उनकी पत्नी की हालत बहुत खराब है। उन्होंने कहा कि अगर उनकी पत्नी शिवानी को कुछ हो गया तो इसके दोषी ये सभी आरोपित ही होंगे।

गर्ग ने बताया कि उन्होंने अपनी शिकायत सदर पुलिस थाना, एसीपी, डीसीपी समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को दे चुके हैं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। आरोप है कि बिल्डर ने सभी को अपने पक्ष में कर लिया है। गर्ग का कहना है कि अगर उसे न्याय नहीं मिला तो मजबूरन अब अदालत की शरण लेनी पड़ेगी।


Share it